दलितों मे पुलिस के खिलाफ आक्रोश तेज, आज करेंगे प्रदर्शन
कल गृहमंत्री का पुतला फूंकेंगे
बाड़मेर। आर.टी.आई. कार्यकर्ता मंगलाराम मेघवाल एवं पीडि़ता इन्द्रा मेघवाल प्रकरण मे नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी सहित विभिन्न मांगों को लेकर 15 दिनों से चल रहे बेमियादी धरने के बावजूद कोई हल नही निकलने से गुस्साये दलितों ने बुधवार को बैठक कर आंदोलन को उग्र करने का फैसला किया।
दलित अत्याचार निवारण समिति के संयोजक उदाराम मेघवाल ने बताया कि पुलिस एवं प्रशासन की हठधर्मिता के चलते दलित वर्ग के पीडि़तों को 15 दिन से किए जा रहे आंदोलन के बावजूद न्याय नही मिल रहा हैं। ऐसे मे गुरूवार सुबह रेली निकाल कर प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया हैं। उन्होने बताया कि बुधवार को महावीर पार्क मे आयोजित बैठक मे स्वामी आत्मानन्द महाराज खण्डप, केवलचंद बृजवाल, श्रवण चंदेल, भैरूसिंह फुलवारिया, पदमाराम जयपाल, गोपाल गर्ग, विनोद नायक, तगाराम खती, मेघाराम गोंसाई, धर्माराम पंवार, रूपाराम नामा, रामाराम बामणिया, भारमल गुर्जर, तुलछदान, मुरारीलाल बालाच, मंगलाराम गोंसाई, भूराराम भील, ईश्वर नवल, मूलाराम पूनड, सारंगराम एडवोकेट, मुकनाराम मसुरिया, ताजाराम पातलिया, किसनलाल गर्ग, मीठुराम गर्ग, मुकनाराम गर्ग, जेठाराम, भीमाराम, रंगुदेवी,शंकरलाल ख्याला, मानाराम गढवीर, श्रीमती इन्द्रा मेघवाल, खण्डप निवासी मृतक माधाराम मेघवाल की पत्नि सहित कईं जनें मौजूद थे।
उन्होने बताया कि गुरूवार सुबह दलित वर्ग के लोग रेली के रूप मे शहर के प्रमुख मार्गो पर चलेंगे जिसमें घायल आर.टी.आई. कार्यकर्ता मंगलाराम सपत्निक और पीडि़ता श्रीमती इन्द्रा मेघवाल भी शरीक होगी। ये प्रदर्शनकारी पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी करेंगे।
उन्होने बताया कि इस बैठक मे शुक्रवार सुबह प्रदेश के गृहमंत्री शांति धारीवाल का पुतला फूंकने और शव यात्रा निकालने का निर्णय भी लिया गया हैं।
इधर 15 वें दिन भी दलित अत्याचार निवारण समिति के बैनर पर मुख्यमंत्री के नाम जिला कलक्टर को ज्ञापन देकर विभिन्न मांगों को पूरा करने की मांग की। इस बैठक मे स्वामी आत्मानंद खण्डप के माधाराम मेघवाल की हत्या के मामले का जिक्र करते हुए पुलिस द्वारा पूरे प्रकरण को धारा 302 मे दर्ज नही कर अपराधियों को बचाया गया हैं। आरोपियों के विरूद्व धारा 304 मे चालान पेश किया गया हैं जो गलत हैं। उन्होने दलित उत्पीडऩ की जिले मे बढ रही घटनाओं पर रोष जताया।
इसी तरह बसपा के पूर्व अध्यक्ष श्रवण चंदेल ने कहा कि आर.टी.आई. कार्यकर्ता मंगलाराम मेघवाल एवं इन्द्रा मेघवाल प्रकरणों पर पुलिस प्रशासन का रवैया अनुचित हैं जिसे कतई बर्दाश्त नही किया जायेगा। उन्होने कहा कि मंगलाराम के मामले मे नामजद अभियुक्त सरपंच गुलामशाह की ओर से उनके समर्थक लगातार राजीनामे का दबाव डाल कर मामले को ठण्डा करने मे लगे हुए हैं जिसका दलित वर्ग खुल कर विरोध करेगा।
इसी तरह दलित नेता केवलचंद बृजवाल, मोहनलाल सोलंकी, मेघाराम गोसाई, मूलाराम पुनिया, टाऊराम बोस, रतन नायक, रूपाराम नामा व पदमाराम एडवोकेट सहित कईं जनों ने अपने विचार रखते हुए कहा कि दलितों के साथ हो रहे अन्याय के विरूद्व संगठित होकर जंग लडऩे का आव्हान किया।
कल गृहमंत्री का पुतला फूंकेंगे
बाड़मेर। आर.टी.आई. कार्यकर्ता मंगलाराम मेघवाल एवं पीडि़ता इन्द्रा मेघवाल प्रकरण मे नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी सहित विभिन्न मांगों को लेकर 15 दिनों से चल रहे बेमियादी धरने के बावजूद कोई हल नही निकलने से गुस्साये दलितों ने बुधवार को बैठक कर आंदोलन को उग्र करने का फैसला किया।
दलित अत्याचार निवारण समिति के संयोजक उदाराम मेघवाल ने बताया कि पुलिस एवं प्रशासन की हठधर्मिता के चलते दलित वर्ग के पीडि़तों को 15 दिन से किए जा रहे आंदोलन के बावजूद न्याय नही मिल रहा हैं। ऐसे मे गुरूवार सुबह रेली निकाल कर प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया हैं। उन्होने बताया कि बुधवार को महावीर पार्क मे आयोजित बैठक मे स्वामी आत्मानन्द महाराज खण्डप, केवलचंद बृजवाल, श्रवण चंदेल, भैरूसिंह फुलवारिया, पदमाराम जयपाल, गोपाल गर्ग, विनोद नायक, तगाराम खती, मेघाराम गोंसाई, धर्माराम पंवार, रूपाराम नामा, रामाराम बामणिया, भारमल गुर्जर, तुलछदान, मुरारीलाल बालाच, मंगलाराम गोंसाई, भूराराम भील, ईश्वर नवल, मूलाराम पूनड, सारंगराम एडवोकेट, मुकनाराम मसुरिया, ताजाराम पातलिया, किसनलाल गर्ग, मीठुराम गर्ग, मुकनाराम गर्ग, जेठाराम, भीमाराम, रंगुदेवी,शंकरलाल ख्याला, मानाराम गढवीर, श्रीमती इन्द्रा मेघवाल, खण्डप निवासी मृतक माधाराम मेघवाल की पत्नि सहित कईं जनें मौजूद थे।
उन्होने बताया कि गुरूवार सुबह दलित वर्ग के लोग रेली के रूप मे शहर के प्रमुख मार्गो पर चलेंगे जिसमें घायल आर.टी.आई. कार्यकर्ता मंगलाराम सपत्निक और पीडि़ता श्रीमती इन्द्रा मेघवाल भी शरीक होगी। ये प्रदर्शनकारी पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी करेंगे।
उन्होने बताया कि इस बैठक मे शुक्रवार सुबह प्रदेश के गृहमंत्री शांति धारीवाल का पुतला फूंकने और शव यात्रा निकालने का निर्णय भी लिया गया हैं।
इधर 15 वें दिन भी दलित अत्याचार निवारण समिति के बैनर पर मुख्यमंत्री के नाम जिला कलक्टर को ज्ञापन देकर विभिन्न मांगों को पूरा करने की मांग की। इस बैठक मे स्वामी आत्मानंद खण्डप के माधाराम मेघवाल की हत्या के मामले का जिक्र करते हुए पुलिस द्वारा पूरे प्रकरण को धारा 302 मे दर्ज नही कर अपराधियों को बचाया गया हैं। आरोपियों के विरूद्व धारा 304 मे चालान पेश किया गया हैं जो गलत हैं। उन्होने दलित उत्पीडऩ की जिले मे बढ रही घटनाओं पर रोष जताया।
इसी तरह बसपा के पूर्व अध्यक्ष श्रवण चंदेल ने कहा कि आर.टी.आई. कार्यकर्ता मंगलाराम मेघवाल एवं इन्द्रा मेघवाल प्रकरणों पर पुलिस प्रशासन का रवैया अनुचित हैं जिसे कतई बर्दाश्त नही किया जायेगा। उन्होने कहा कि मंगलाराम के मामले मे नामजद अभियुक्त सरपंच गुलामशाह की ओर से उनके समर्थक लगातार राजीनामे का दबाव डाल कर मामले को ठण्डा करने मे लगे हुए हैं जिसका दलित वर्ग खुल कर विरोध करेगा।
इसी तरह दलित नेता केवलचंद बृजवाल, मोहनलाल सोलंकी, मेघाराम गोसाई, मूलाराम पुनिया, टाऊराम बोस, रतन नायक, रूपाराम नामा व पदमाराम एडवोकेट सहित कईं जनों ने अपने विचार रखते हुए कहा कि दलितों के साथ हो रहे अन्याय के विरूद्व संगठित होकर जंग लडऩे का आव्हान किया।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें